TalentJR

यः जानाति सः पण्डितः – Class 6 Sanskrit Chapter 11 Notes & NCERT PDF

Class 6SanskritChapter 11NCERT book: दीपकम् (Deepakam) - Sanskrit Class 6

Notes and a simple summary of Chapter 11 of the NCERT Class 6 Sanskrit book, with the official chapter PDF, flashcards, an MCQ quiz and an AI tutor for your doubts.

🎧 Listen to the content

पाठ 11: यः जानाति सः पण्डितः (प्रहेलिकाएँ — जो जानता है, वही पण्डित है)

पाठ-परिचय

यः जानाति सः पण्डितः — जो (उत्तर) जानता है, वही पण्डित (विद्वान्) है। संस्कृत साहित्य में प्रहेलिकाओं (पहेलियों) का विशेष स्थान है। प्रहेलिकाएँ बच्चों से बूढ़ों तक सबको मानसिक आनन्द देती हैं, तर्कशक्ति बढ़ाती हैं, चिन्तन-क्षमता का विकास करती हैं और हमारे पूर्वज कवियों की बुद्धिमत्ता व कल्पनाशक्ति दिखाती हैं।

प्रकृष्टा हेलिका – प्रहेलिका । ('हेला' = क्रीडा/खेल; श्रेष्ठ बौद्धिक खेल ही प्रहेलिका है।)

पाठ-सार: पाँच प्रहेलिकाएँ और उनके उत्तर

प्रहेलिका 1 — उत्तर श्लोक में ही छिपे हैं

भोजनान्ते च किं पेयं जयन्तः कस्य वै सुतः ।
कथं विष्णुपदं प्रोक्तं तक्रं शक्रस्य दुर्लभम् ॥
  • भोजन के अन्त में क्या पीना चाहिए? → तक्रम् (छाछ)
  • जयन्त किसका पुत्र है? → शक्रस्य (इन्द्र का)
  • विष्णुपद (विष्णु का सान्निध्य/मोक्ष) कैसा कहा गया है? → दुर्लभम् (कठिनता से मिलने वाला)
  • विशेषता: तीनों प्रश्नों के उत्तर दूसरी पंक्ति के अन्तिम तीन शब्दों में क्रम से छिपे हैं — तक्रं / शक्रस्य / दुर्लभम्।

    प्रहेलिका 2 — अक्षरों की पहेली

    न तस्यादिर्न तस्यान्तो मध्ये यस्तस्य तिष्ठति ।
    तवाप्यस्ति ममाप्यस्ति यदि जानासि तद्वद ॥

    जिसके आदि में 'न', अन्त में 'न' और मध्य में 'य' है; जो तुम्हारे पास भी है, मेरे पास भी — → नयनम् (आँख) = न + य + न।

    प्रहेलिका 3 — फल की पहेली

    वृक्षस्याग्रे फलं दृष्टं फलाग्रे वृक्ष एव च ।
    अकारादिं सकारान्तं यो जानाति स पण्डितः ॥

    पौधे के ऊपर फल दिखता है और फल के ऊपर फिर (पत्तों का) पौधा; नाम 'अ' से आरम्भ होकर 'स' पर समाप्त — → अनानसः (अनन्नास / Pineapple)।

    प्रहेलिका 4 — तीन प्रश्न, एक उत्तर

    किमिच्छति नरः काश्यां भूपानां को रणे हितः ।
    को वन्द्यः सर्वदेवानां दीयतामेकमुत्तरम् ॥
  • मनुष्य काशी में क्या चाहता है? → मृत्युम् (मोक्ष हेतु काशी में मृत्यु)
  • युद्ध में राजाओं का हितकारी क्या है? → जयः
  • सब देवों में वन्दनीय कौन? → दोनों जोड़कर मृत्युञ्जयः (भगवान् शिव)
  • प्रहेलिका 5 — आधा + आधा = पूरा

    कुलालस्य गृहे ह्यर्धं तदर्धं हस्तिनापुरे ।
    द्वयं मिलित्वा लङ्कायां यो जानाति स पण्डितः ॥
  • कुम्हार के घर में आधा → कुम्भः (घड़ा)
  • हस्तिनापुर में दूसरा आधा → कर्णः
  • दोनों मिलकर लङ्का में → कुम्भकर्णः
  • शब्दार्थ

  • पेयम् – पीने योग्य
  • सुतः – पुत्र
  • तक्रम् – छाछ (मथितम्)
  • शक्रः – इन्द्र
  • कुलालः – कुम्हार (कुम्भकारः)
  • रणे – युद्ध में
  • भूपानाम् – राजाओं का
  • वन्द्यः – वन्दनीय, पूज्य
  • आदिः / अन्तः / मध्ये – आरम्भ / अन्त / बीच में
  • प्रोक्तम् – कहा गया
  • व्याकरण-बिन्दु: षष्ठी विभक्ति (सम्बन्ध)

    जहाँ सम्बन्ध बताया जाता है, वहाँ षष्ठी विभक्ति होती है (हिन्दी: का, के, की)।

    उदाहरण: बालकस्य पुस्तकम् — बालक की पुस्तक।

    षष्ठी के रूप (एकवचन – द्विवचन – बहुवचन)

  • अकारान्त पुंलिङ्ग: रामस्य – रामयोः – रामाणाम्; छात्रस्य – छात्रयोः – छात्राणाम्
  • आकारान्त स्त्रीलिङ्ग: सीतायाः – सीतयोः – सीतानाम्; कथायाः – कथयोः – कथानाम्
  • ईकारान्त स्त्रीलिङ्ग: नद्याः – नद्योः – नदीनाम्; देव्याः – देव्योः – देवीनाम्
  • अकारान्त नपुंसकलिङ्ग: फलस्य – फलयोः – फलानाम्; पुस्तकस्य – पुस्तकयोः – पुस्तकानाम्
  • सर्वनाम: मम – आवयोः – अस्माकम्; तव – युवयोः – युष्माकम्; तस्य / तस्याः – तयोः – तेषाम् / तासाम्
  • सम्बन्ध-वाक्य (पाठ से)

  • गुरु-शिष्य: श्रीरामस्य गुरुः वसिष्ठः। अर्जुनस्य गुरुः द्रोणः। चन्द्रगुप्तस्य गुरुः चाणक्यः। विवेकानन्दस्य गुरुः रामकृष्णः।
  • ग्रन्थ-ग्रन्थकार: रामायणस्य रचयिता वाल्मीकिः। महाभारतस्य रचयिता व्यासः। रघुवंशस्य रचयिता कालिदासः। पञ्चतन्त्रस्य रचयिता विष्णुशर्मा।
  • पति-पत्नी: सीतायाः पतिः श्रीरामः। उर्मिलायाः पतिः लक्ष्मणः। रुक्मिण्याः पतिः कृष्णः।
  • हस्तकुटुम्बकम् (गीत)

    अङ्गुष्ठः = स्नेही पिता; तर्जनी = पास रहने वाली माता; मध्यमा = सबसे लम्बी बड़ी पुत्री; अनामिका = उसकी सुन्दर बहन; कनिष्ठिका = सबसे छोटी बालिका।

    सुभाषित

    अलसस्य कुतो विद्या अविद्यस्य कुतो धनम् ।
    अधनस्य कुतो मित्रम् अमित्रस्य कुतः सुखम् ॥

    (आलसी को विद्या कहाँ, विद्याहीन को धन कहाँ, निर्धन को मित्र कहाँ, मित्रहीन को सुख कहाँ?)

    अभ्यास-संकेत

  • एकपद उत्तर: भोजनान्ते पेयम्? → तक्रम्। जयन्तः कस्य सुतः? → शक्रस्य।
  • 'विद्यालयस्य छात्रः गच्छति' की तरह षष्ठी-वाक्य बनाना (वृक्षस्य फलम्, मन्दिरस्य शिखरम्)।
  • श्रीराम के कुटुम्ब-चित्र से वाक्य: रामस्य पिता दशरथः। रामस्य माता कौशल्या। रामस्य पत्नी सीता।
  • परियोजना: मातृभाषा की पाँच पहेलियाँ एकत्र करना।
  • सामान्य भूलें

  • आकारान्त स्त्रीलिङ्ग की षष्ठी 'सीतायाः' है, 'सीतास्य' नहीं।
  • ईकारान्त: नद्याः (न कि नदीस्य)।
  • 'मम' (मेरा) और 'अहम्' (मैं) में भ्रम — सम्बन्ध में मम।
  • प्रहेलिका 4 का उत्तर अलग-अलग नहीं, एक ही उत्तर 'मृत्युञ्जयः' माँगा गया है।
  • 💡 Key Learning Points

    • ✓प्रहेलिका का अर्थ (प्रकृष्टा हेलिका) और उसका महत्त्व — मनोरंजन, तर्कशक्ति व चिन्तन-क्षमता का विकास
    • ✓पाँचों प्रहेलिकाओं के उत्तर: तक्रं/शक्रस्य/दुर्लभम्, नयनम्, अनानसः, मृत्युञ्जयः, कुम्भकर्णः
    • ✓षष्ठी विभक्ति = सम्बन्ध; अकारान्त, आकारान्त, ईकारान्त, नपुंसक और सर्वनाम शब्दों के षष्ठी रूप
    • ✓गुरु-शिष्य, ग्रन्थ-रचयिता, पति-पत्नी तथा पारिवारिक सम्बन्धों को षष्ठी से व्यक्त करना
    • ✓सुभाषित 'अलसस्य कुतो विद्या' व 'हस्तकुटुम्बकम्' गीत द्वारा मूल्य और शब्दावली

    👨‍🏫 Teaching Tips

    • →कक्षा को दो टोलियों में बाँटकर 'प्रहेलिका-प्रतियोगिता' करें — श्लोक पढ़ें, विवरण से संकेत दें, उत्तर पर अंक दें
    • →प्रहेलिका 2 (नयनम्) के लिए श्यामपट पर न _ न लिखकर बीच का अक्षर छात्रों से खोजवाएँ — अक्षर-विच्छेद का अभ्यास भी होगा
    • →प्रहेलिका 3 के लिए असली अनन्नास या उसका चित्र दिखाएँ — 'फलाग्रे वृक्षः' (फल पर पत्तों का मुकुट) प्रत्यक्ष समझ आएगा
    • →प्रहेलिका 5 को 'शब्द-जोड़' कार्ड से करें: 'कुम्भः' + 'कर्णः' = 'कुम्भकर्णः' — छात्र ऐसी नई जोड़-पहेलियाँ बनाएँ
    • →षष्ठी के लिए 'मेरा परिवार' गतिविधि: 'मम पितुः नाम...', 'मम मातुः नाम...' — छात्र अपना कुटुम्ब-वृक्ष बनाएँ
    • →हस्तकुटुम्बकम् गीत उँगलियाँ दिखाते हुए सस्वर गवाएँ (अङ्गुष्ठः, तर्जनी, मध्यमा, अनामिका, कनिष्ठिका)
    • →पुस्तकों का ढेर लगाकर 'रामायणस्य उपरि महाभारतम् अस्ति' जैसे षष्ठी + उपरि वाक्य बुलवाएँ
    • →पाठ की 'गोपनागोपनम्' (लुका-छिपी) कथा का खेल खेलकर पृष्ठे, अधः, उपरि आदि अव्यय दोहराएँ

    📋 Assessment Questions

    1. क्या छात्र पाँचों प्रहेलिकाओं के उत्तर कारण सहित बता सकता है?
    2. क्या छात्र किसी भी अकारान्त/आकारान्त/ईकारान्त शब्द का षष्ठी एकवचन सही बना सकता है (रामस्य, सीतायाः, नद्याः)?
    3. क्या छात्र 'रामायणस्य रचयिता ...' जैसे ग्रन्थ-ग्रन्थकार वाक्य पूर्ण कर सकता है?
    4. क्या छात्र श्रीराम के कुटुम्ब-चित्र से पाँच सम्बन्ध-वाक्य लिख सकता है?
    5. क्या छात्र मातृभाषा में एक मौलिक प्रहेलिका बना सकता है?

    👩‍🏫 Class 6 Sanskrit classes near you — online or at home

    Prefer a real teacher? TalentJR teachers take live online classes anywhere in India and visit homes in selected cities. Tell us what you need and our team will call you with timings and fees.

    • Live online classesSmall groups or 1:1 with a teacher, from home, any city.
    • Teacher at homeA TalentJR teacher visits your home (selected cities).
    • At a centreClasses at a TalentJR partner centre near you, where available.